मध्यप्रदेश में बस हादसे में मरने वालों की संख्या 51,काशीमीरा में राजपुरोहित समाज की महासभा, भिवंडी में किसान ने खरीदा हेलीकॉप्टर

सतना-मध्यप्रदेश में सीधी से सतना जा रही बस 16 फरवरी को 7:30 बजे नहर में गिर गई। इस हादसे में अब तक 51 लोगों के शव मिले हैं, जबकि 3 लोग अब भी लापता हैं। 6 लोगों को बचाया गया हैं। बस में 60 लोग सवार थे। मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने सिधी जाकर पीड़ित परिवारों से मुलाकात की। रामपुर नैकिन गांव के गुप्ता परिवार ने मुख्यमंत्री से अपील की अगर सड़क जाम नहीं होती तो आज मेरा परिवार जिंदा होता।कृपया करके सड़क बनवा दिजिए। जो आज मेरे साथ हुआ है वह किसी और के परिवार के साथ ना हो। सुरेश गुप्ता अपनी बहू पिंकी और पोते अर्थों के साथ सफर कर रहे थे सुरेश गुप्ता तो बच गए लेकिन बहु और पोते की नहर में डूब कर मौत हो गई। बस में बैठी 5 महीने की शुभी उर्फ सौम्या अपनी मां के आंचल से छूट गई थी। जो पानी के बहाव में पत्ते की तरह बहती चली गई। 24 घंटे बाद उसका शव सीधी से 22 किलोमीटर दूर रीवा के गोविंदगढ़ के पास मिला। उसकी मां और मौसी की लाश मंगलवार को ही बस में मिली थी। रीवा के सिमरिया निवासी बस ड्राइवर 28 साल के बालेंद्र विश्वकर्मा को मंगलवार की रात ही पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था।ड्राइवर ने बताया कि उसका एक लाइसेंस पानी में बह गया हैं। वह दूसरा लाइसेंस रीवा में घर पर हैं, व गाड़ी के डॉक्यूमेंट सतना में हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही हैं। पुलिस ड्राइवर से यह पता करने में लगी है कि वह पहले भी ओवरलोड करके बस चलाता था? एसपी अंजूलता पटले के मुताबिक बस में कुल 63 यात्री सफर कर रहे थे उसमें से तीन हादसे के पहले उत्तर चुके थे। 60 में से कुल 6 यात्रियों की जान बचाई जा सकती हैं। ड्राइवर बालेंद्र विश्वकर्मा कह रहा है कि बस में एक जोर से आवाज आई और उसके बाद बस नहर में फिसलती चली गई। और बस नहर में समा गई। मैंने किसी तरह से अपनी जान बचाई मेरे पीछे एक लड़की भी बचने की कोशिश कर रही थी।बस के ऊपर से 2 लोगों ने रस्सियां फैंकी जिसके सहारे हम बाहर आ गए। नहर में समाने वाली सीधी सतना रूट की बसMP-19P 1882 मैं कुल 33 ठिकानों से 60 लोग सवार हुए थे। बस हादसे में बच गए लोग इसे किसी चमत्कार से कम नहीं मान रहे हैं। इस बड़े हादसे में बच्चे लोगों को उनके जज्बे ने बचाया इसमें 3 पुरुष और 3 युवतिंया शामिल हैं। इस दौरान बहादुर बेटी शिवरानी और उनके परिजनों ने इन 6 लोगों को बचाने में गजब की हिम्मत और जज्बा दिखाया। कई बच्चे परीक्षा केंद्र में परीक्षा देने को जा रहे थे। ड्राइवर की लापरवाही और गलत रास्ते पर जाने से हादसा होने की आशंका जताई जा रही हैं।                ———–काशीमीरा में राजपुरोहित समाज की महासभा- ठाणे – श्री खेतेश्वर आश्रम काशीमीरा परिसर के प्रांगण में रविवार 14 फरवरी 2021 को राजपुरोहित समाज की महासभा का आयोजन भाजपा के पूर्व मंत्री राज .के. पुरोहित के नेतृत्व में शाम को रखा गया। इस महासभा में राजपुरोहित समाज के पाली जिला नेतरा गांव निवासी 16 वर्षीय मनोहर राजपुरोहित जो कि माता-पिता का इकलौता बेटा व तीन बहनों का इकलौता भाई था। उसका अपहरण हो गया था। उसके अपहरण को चार साल होने के बाद भी प्रशासन की ओर से किसी भी तरह की कोई कार्रवाई नही होने के कारण अब समाज की ओर से सीबीआई. जांच की मांग की गई। मांग को लेकर खेतेश्वर आश्रम काशी मीरा भायंदर मैं सैकड़ों समाज के लोगों के उपस्थिति में पूर्व मंत्री राज के पुरोहित, युवा नेता आकाश पुरोहित ,मुकेश शिवतलाव, अजयराज पुरोहित पोसीन्तरा, सोहनसिंह पासलोडीया, खेतसिंह मुहड़ी ने अपने विचार व्यक्त किए। ———————————-दूध बेचने के लिए 30 करोड़ रुपए में खरीदा हेलीकॉप्टर- भिवंडी – क्या आपने कभी सुना हैं, कि कोई शख्स दूध बेचने के लिए हेलीकॉप्टर खरीद ले? जी हां, भिवंडी के एक किसान ने दूध बेचने के लिए एक हेलीकॉप्टर खरीदा हैं। और इसके लिए बाकायदा एक हेलीपैड भी बनवाया हैं। दूध का कारोबार करने वाले जनार्दन भोईर वो शख्स हैं जिन्होंने ये हेलीकॉप्टर खरीदा हैं। उन्होंने इस हेलीकॉप्टर के लिए 30 करोड़ रुपए चुकाए भी हैं।बीते रविवार को जब ये हेलीकॉप्टर उनके गांव में उतरा तो देखने के लिए भीड़ इकठ्ठा हो गयी। भोईर अपने गांव में काफी मशहूर हैं और उन्होंने इस हेलीकॉप्टर में भी खुद न बैठकर ग्राम पंचायत में विजयी हुए सदस्यों को घुमाया। मिली जानकारी के मुताबिक जनार्दन भोईर का दूध का कारोबार काफी बड़ा है और उनकी संपत्ति भी करीब 100 करोड़ रुपए से ज्यादा बतायी जाती हैं। जनार्दन का दूध, किसानी और रियल एस्टेट का बिजनेस हैं और उनके भाई भी उनके साथ ही इसे संभालते हैं। उन्हें अपने काम के सिलसिले में उन्हे कई बार पश्चिम से पूर्वी राज्यों तक भी जाना पड़ता हैं। जनार्दन के मुताबिक उन्हें कई ऐसी जगहों पर जाना पड़ता था जहां फ्लाइट की सुविधा नहीं हैं, और उनका काफी वक़्त ट्रेवलिंग में खराब होता हैं।इसी के चलते उन्हें कारोबार के लिए ये हेलीकॉप्टर लेने के लिए मजबूर होना पड़ा।जनार्दन ने बताया कि अपने डेयरी के कारोबार के लिए उन्हें अक्सर पंजाब, गुजरात, हरियाणा, राजस्थान और पूर्वी राज्यों में जाना पड़ता हैं।और हेलीकॉप्टर घर के पास ही लैंड हो इसके लिए पास ही खेत में एक हेलीपैड भी तैयार कर लिया गया हैं। इसके साथ ही में पायलट रूम, टेक्नीशियन रूम भी बनाया जा रहा हैं। फिलहाल हेलीकॉप्टर का ट्रायल चल रहा हैं और 15 मार्च से जनार्दन को ये काम के लिए मिल जाएगा। उन्होंने बताया कि हेलीकॉप्टर के लिए उन्होंने 2.5 एकड़ की जगह दी हैं, जिसमें हेलीकॉप्टर के लिए राउंड पट्टी और दूसरी चीजें बनायी जा रहीं हैं।भिंवडी इलाके में कई बड़ी कंपनियों के गोदाम हैं जिससे लोगों को अच्छा किराया मिलता हैं। देश की सारी मंहगी गाड़ियां भिंवडी इलाके मे दिखाई दें जाएंगी। ये जानकर आप हैरान हो जाएंगे कि अमेरिका के राष्ट्रपति के काफिले में चलने वाली कैडिलैक कार पहली बार मुंबई में नहीं बल्कि भिवंडी इलाके में ही खरीदी गई थी।जनार्दन भोईर के पास भी कई गोदाम हैं, और उन्हें उनसे अच्छी-खासी कमाई होती हैं।